जालौन के उरई स्थित जिला अस्पताल में एक जिला पंचायत सदस्य और चिकित्सक के बीच तीखी बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। इस घटना के बाद सहाव क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य पुष्पेंद्र सिंह सेंगर चर्चा में आ गए हैं। वायरल वीडियो में पुष्पेंद्र सिंह सेंगर इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर समीर से बहस करते दिख रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह विवाद पोस्टमार्टम से जुड़े कागजों पर हस्ताक्षर कराने को लेकर हुआ था। जानकारी के अनुसार, किसी परिचित व्यक्ति के निधन के बाद पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कराने के लिए जिला पंचायत सदस्य अस्पताल पहुंचे थे। इसी दौरान इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर समीर से हस्ताक्षर कराने की बात पर दोनों के बीच कहासुनी हुई, जो बाद में तीखी बहस में बदल गई। मौके पर मौजूद किसी व्यक्ति ने इस घटना का वीडियो बना लिया, जो अब वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में जिला पंचायत सदस्य डॉक्टर से तेज आवाज में बात करते दिखाई दे रहे हैं, जिसे लेकर कुछ लोगों ने इसे चिकित्सक के साथ अभद्र व्यवहार बताया है। वहीं, पुष्पेंद्र सिंह सेंगर ने अपनी सफाई में कहा कि उनके एक परिचित का निधन हो गया था और वे केवल पोस्टमार्टम की प्रक्रिया जल्द पूरी कराने के लिए कागजों पर हस्ताक्षर कराने गए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम में मौजूद डॉक्टरों ने ही इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर समीर से हस्ताक्षर कराने को कहा था, लेकिन हस्ताक्षर न होने के कारण बातचीत हुई। सेंगर ने दावा किया कि किसी ने वीडियो को गलत तरीके से पेश कर वायरल कर दिया है। पुष्पेंद्र सिंह सेंगर माधौगढ़ के पूर्व विधायक संतराम सिंह सेंगर के पुत्र हैं। फिलहाल, इस मामले को लेकर अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। हालांकि, वीडियो वायरल होने के बाद यह घटना पूरे जिले में चर्चा का विषय बनी हुई है।