बलिया में लड़की की मांग में सिंदूर भरकर एक वन दरोगा ने युवती को कोर्ट मैरिज का झांसा दिया। आरोप है कि उसने 8 महीने तक दरिंदगी की। उसके बाद प्रेग्नेंट होने पर एबॉर्शन भी कराया। बाद में कोर्ट मैरिज की बात कहकर फरार हो गया। पीड़िता ने मामले की शिकायत डीआईजी आजमगढ़ और SP से की। इसके बाद रविवार को मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने मंगलवार को आरोपी वन दरोगा को गिरफ्तार कर लिया है। मामला उभांव थाना क्षेत्र का है। अब पूरा मामला विस्तार से… वन दरोगा उग्रसेन कुमार उभांव थाना क्षेत्र के करीमगंज गांव का रहने वाला है। वो एक साल से बेल्थरा रोड रेंज में तैनात हैं। 3 फरवरी को महिला ने उभांव थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसमें कहा- करीब आठ महीने पहले उग्रसेन से मुलाकात हुई थी। हम दोनों में नजदीकियां बढ़ने के बाद दरोगा ने शादी करने का वादा किया। 8 महीने तक मेरे साथ संबंध बनाए। मैंने जब शादी की बात की तो अपने घर बुलाकर मेरी मांग में सिंदूर भर दिया। कहने लगा- अब हम लोग कोर्ट मैरिज करके पति-पत्नी की तरह रहेंगे। इसी दौरान मैं पांच महीने की प्रेग्नेंट हुई तो उसने एबॉर्शन करा दिया। बाद में कोर्ट मैरिज का वादा कर कोर्ट चलने को कहा। मैं पहुंच गई, लेकिन वो नहीं। बाद में पता किया तो वो घर छोड़कर फरार हो गया था। पहले से शादीशुदा है वन दरोगा पीड़िता के मुताबिक, उग्रसेन पहले से शादीशुदा है। वह अपनी पत्नी को छोड़ चुका है। स्थानीय पुलिस में सुनवाई न होने पर डीआईजी आजमगढ़ और पुलिस अधीक्षक से शिकायत की। इसके बाद अफसरों ने उभांव थाना पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 69 और धारा 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया। उभांव थाना प्रभारी संजय शुक्ला ने बताया कि 24 फरवरी को मुखबिर की सूचना पर आरोपी उग्रसेन कुमार जायसवाल को मधुवन ढाला के पास से गिरफ्तार किया गया। उसे न्यायिक अभिरक्षा में बलिया कोर्ट भेज दिया गया है। ………… ये खबर भी पढ़ें… मेरठ में परिवार के 6 लोग घर में जिंदा जले:इनमें जुड़वां बेटियों समेत 5 बच्चे; एक साथ उठा जनाजा तो कांपे लोग मेरठ में कपड़ा कारोबारी के परिवार के 6 लोगों की जिंदा जलकर मौत हो गई। इनमें जुड़वां बेटियों समेत 5 बच्चे हैं। कारोबारी पिता सोमवार देर शाम नमाज पढ़ने गए थे, तभी तीन मंजिला मकान में भीषण आग लग गई। उस वक्त घर में महिलाएं, बच्चों समेत 12 लोग थे। ग्राउंड फ्लोर में लगी आग इतनी तेजी से फैली कि किसी को बाहर निकलने का वक्त नहीं मिला। सभी लपटों के बीच अंदर फंस गए। पड़ोसियों ने तुरंत फर्स्ट फ्लोर में फंसे 5 लोगों को सीढ़ी लगाकर बाहर निकाल लिया। लेकिन, सेकंड फ्लोर में एक महिला और 5 बच्चे फंस गए। पढ़ें पूरी खबर…
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